बड़ाई दे बड़े होने का पर अहसास ना देना
खुदाया मैं रहूँ छोटा तू बस ऎसी दुआ देना
नीयत मैं कभी मेरी खलल ना ऐ खुदा आए
अंधेरों में भी रोशन हो तू ऐसा रास्ता देना
दोस्तों को तो सीने से लगाते सब ज़माने में
दुश्मनों को भी अपना लूँ तू ऐसा हौसला देना
खैरियत की दुआएं मांगता हो जब कोई तुझसे
तो मेरी भी दुआएं उसकी दुआओं में मिला देना
खुदाया मैं रहूँ छोटा तू बस ऎसी दुआ देना
नीयत मैं कभी मेरी खलल ना ऐ खुदा आए
अंधेरों में भी रोशन हो तू ऐसा रास्ता देना
दोस्तों को तो सीने से लगाते सब ज़माने में
दुश्मनों को भी अपना लूँ तू ऐसा हौसला देना
खैरियत की दुआएं मांगता हो जब कोई तुझसे
तो मेरी भी दुआएं उसकी दुआओं में मिला देना