ये कैसी पीड़ा है
मैं कब इसे पहचानता हूँ ?
पर सुख के सागर के किनारे
जो मेरे ह्रदय में जल रही है
उस व्यथा, उस वेदना को
जाने कब से जानता हूँ !!
-शिव
मैं कब इसे पहचानता हूँ ?
पर सुख के सागर के किनारे
जो मेरे ह्रदय में जल रही है
उस व्यथा, उस वेदना को
जाने कब से जानता हूँ !!
-शिव
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