बहुत खोया है अब नहीं खोया जाता
ज़िन्दगी मुझसे अब नहीं रोया जाता
ऐ! ख़ुदा अब मुझे आज़ाद कर दे
क़ब्रे-ज़िन्दगी में अब नहीं सोया जाता
ज़ख्म दिल पर सहो और बहाओ आंसू
दागे-दिल यूं ही नहीं धोया जाता
दोस्त दुश्मन हुए अब किस पे ऐतबार करूं
बोझ रिश्तों का अब नहीं ढोया जाता
पेशे-खिदमत तो मैं भी होता मगर
फूल सूखा नहीं माला में पिरोया जाता
-शिव
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